चित्रकूट से एक भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है, जहां 12 साल से बिछड़ा एक बेटा आखिरकार अपने परिवार से मिल गया। प्रयागराज जनपद के कोराव थाना क्षेत्र के महुली गांव निवासी हरिप्रसाद, जो बोल नहीं सकते, 12 साल पहले अपनी मौसी के घर गए थे और तभी से लापता हो गए थे
चित्रकूट से एक भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है, जहां 12 साल से बिछड़ा एक बेटा आखिरकार अपने परिवार से मिल गया। प्रयागराज जनपद के कोराव थाना क्षेत्र के महुली गांव निवासी हरिप्रसाद, जो बोल नहीं सकते, 12 साल पहले अपनी मौसी के घर गए थे और तभी से लापता हो गए थे।बताया जा रहा है कि हरिप्रसाद चित्रकूट के मऊ थाना क्षेत्र स्थित लालता रोड के एक ढाबे पर काम कर रहे थे, लेकिन उनकी पहचान और परिवार का कोई सुराग नहीं था।मामले में नया मोड़ तब आया जब टोल प्लाजा पर काम करने वाले एक व्यक्ति ने एसआई ओम प्रकाश सिंह को जानकारी दी कि हरिप्रसाद प्रयागराज के रहने वाले हैं और उनका परिवार वर्षों से उनकी तलाश कर रहा है।सूचना मिलते ही एसआई ओम प्रकाश सिंह ने सक्रियता दिखाते हुए परिवार से संपर्क किया और आखिरकार 12 साल बाद बिछड़े परिवार को मिलाने में सफलता हासिल की।हरिप्रसाद की पत्नी मंजू देवी भी बोल नहीं सकती हैं। उनके दो बच्चे हैं, जिन्होंने आज तक अपने पिता को देखा तक नहीं था। पिता से मिलते ही पूरा परिवार भावुक हो उठा।हरिप्रसाद की मां राम काली ने बताया कि उनका बेटा 12 साल पहले निमंत्रण में गया था और फिर कभी वापस नहीं लौटा। उन्होंने कहा कि परिवार ने हर संभव जगह तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। आज बेटे को पाकर परिवार की खुशी का ठिकाना नहीं है।
