
NM भारत न्यूज (एजेंसी)
पोड़ी उपरोड़ा।
लंबे समय से उप स्वास्थ्य केंद्र रावा से लगातार अनुपस्थित रहने की शिकायतों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने आखिरकार मामले को गंभीरता से लेते हुए RHO रामकिशन निषाद के विरुद्ध प्रारंभिक कार्रवाई शुरू कर दी है। विभागीय स्तर पर उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पोड़ी उपरोड़ा में तत्काल उपस्थित होने के निर्देश जारी किए गए हैं। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में यह चर्चा तेज हो गई है कि अब स्वास्थ्य विभाग मामले में आगे क्या कदम उठाएगा।
मिली जानकारी के अनुसार, उप स्वास्थ्य केंद्र रावा में पदस्थ RHO रामकिशन निषाद के लंबे समय तक ड्यूटी से अनुपस्थित रहने की शिकायतें लगातार सामने आ रही थीं। इस संबंध में समाचार प्रकाशित होने के बाद मामला जिला स्वास्थ्य प्रशासन तक पहुंचा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) कोरबा ने मामले को संज्ञान में लेते हुए संबंधित कर्मचारी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोड़ी उपरोड़ा में उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं, ताकि पूरे प्रकरण की वस्तुस्थिति स्पष्ट की जा सके।
सूत्रों के अनुसार, विभाग अब यह भी जांच करेगा कि कर्मचारी की अनुपस्थिति के पीछे क्या कारण रहे, क्या अवकाश की विधिवत स्वीकृति ली गई थी अथवा नहीं, तथा इस दौरान उप स्वास्थ्य केंद्र की स्वास्थ्य सेवाएं किस प्रकार प्रभावित हुईं। जांच रिपोर्ट के आधार पर विभागीय नियमों के अनुरूप आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि किसी भी स्वास्थ्य केंद्र में लंबे समय तक स्वास्थ्य कर्मी की अनुपस्थिति का सीधा असर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले मरीजों पर पड़ता है। नियमित स्वास्थ्य सेवाएं, टीकाकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम सहित कई आवश्यक सेवाएं प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है। ऐसे में विभाग की यह कार्रवाई स्वास्थ्य व्यवस्था में जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अब पूरे मामले पर स्थानीय लोगों की निगाहें स्वास्थ्य विभाग की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। यदि जांच में लगातार अनुपस्थिति के आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध विभागीय नियमों के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
अब सबसे बड़ा सवाल…
क्या स्वास्थ्य विभाग केवल प्रारंभिक कार्रवाई तक ही सीमित रहेगा, या फिर जांच पूरी होने के बाद दोषी पाए जाने पर नियमों के अनुरूप कठोर प्रशासनिक कार्रवाई भी करेगा? इसका जवाब आने वाले दिनों में विभाग की जांच और निर्णय से स्पष्ट होगा।




